डीजीपी जुनेजा को मिला 6 माह का एक्सटेंशन , केंद्र सरकार ने जारी किया आदेश,,

रायपुर/नई दिल्ली। छत्तीसगढ़ पुलिस के DGP को 6 महीने के लिये एक्सटेंशन दिया गया। वैसे तो 1989 बैच के IPS अशोक जुनेजा जून 2023 में ही सर्विस से रिटायर हो चुके है। लेकिन केंद्र सरकार से राज्य सरकार ने अशोक जुनेजा के एक्सटेंशन का प्रस्ताव दिया तो केंद्र सरकार ने ये मान लिया और 6 महीने के लिए एक्सटेंशन दे दिया।अशोक जुनेजा छत्तीसगढ़ कैडर के 1989 बैच के आईपीएस अधिकारी हैं। मूलतः वे दिल्ली के रहने वाले हैं। उनका जन्म 13 जून 1963 को हुआ है। एमएससी,एमटेक की डिग्री लेने के बाद यूपीएससी क्रैक कर आईपीएस बने हैं। देखे आदेश:-

प्रोफेशनल कैरियर:–
अशोक जुनेजा ने 21 अगस्त 1989 को आईपीएस की सर्विस ज्वाइन की। वे पहले मध्यप्रदेश कैडर के आईपीएस थे। पृथक छत्तीसगढ़ राज्य बनने के बाद उन्होंने छत्तीसगढ़ कैडर चुन लिया। छत्तीसगढ़ राज्य में अशोक जुनेजा रायगढ़ जिले में व बिलासपुर एडिशनल एसपी रहने के अलावा बिलासपुर में एसपी रहें हैं। इसके अलावा दुर्ग और राजधानी रायपुर के एसएसपी भी रहे हैं। बिलासपुर संभाग व दुर्ग संभाग के आईजी भी रहे हैं। मंत्रालय में गृह सचिव की जवाबदारी भी सम्हाली हैं।
अशोक जुनेजा ढाई साल तक प्रदेश के खुफिया चीफ भी रहें हैं। परिवहन विभाग में अतिरिक्त आयुक्त रह चुके हैं। खेल संचालक की जवाबदारी भी अशोक जुनेजा निभा चुके हैं। इसके अलावा अशोक जुनेजा एडीजी नक्सल ऑपरेशन के अलावा छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल और एसटीएफ का प्रभार सम्हाल चुके हैं। राज्य पुलिस अकादमी के महानिदेशक भी अशोक जुनेजा रह चुके हैं। प्रशासन, ट्रेनिंग विभाग भी अशोक जुनेजा संभाल चुके हैं। केंद्रीय प्रतिनियुक्ति में 2 साल तक दिल्ली नारकोटिक्स विभाग में सेवा दे चुके हैं। कॉमनवेल्थ गेम्स के सिक्योरिटी प्रमुख की जवाबदारी भीअशोक जुनेजा निभा चुके हैं। 11 नवंबर 2021 को तत्कालीन डीजीपी डीएम अवस्थी को हटाकर अशोक जुनेजा को छत्तीसगढ़ का प्रभारी डीजीपी बनाया गया हैं।
अशोक जुनेजा को डीजीपी बनाने के लिए उनसे सीनियर पांच आईपीएस को सुपरशीड किया गया। प्रभारी डीजीपी बनाने के बाद पूर्णकालिक डीजीपी बनाने के लिए यूपीएससी को प्रस्ताव और डीजीपी के नामों का पैनल सरकार ने भेजा। करीबन 10 माह बाद यूपीएससी की अनुशंसा आई और राज्य सरकार ने उन्हें 5 अगस्त 2022 को पूर्णकालिक डीजीपी बनाने का आदेश जारी किया।



